पंडित विद्यानिवास मिश्र के निबंध 'अस्ति की पुकार: हिमालय' पर आधारित 50 महत्वपूर्ण बहुविकल्पीय प्रश्न (MCQs) यहाँ दिए गए हैं। यह आपकी परीक्षा और विषय की गहरी समझ के लिए अत्यंत उपयोगी होंगे:
खण्ड १: लेखक और संग्रह (Author & Collection)
'अस्ति की पुकार: हिमालय' निबंध के लेखक कौन हैं?
(A) हजारीप्रसाद द्विवेदी
(B) विद्यानिवास मिश्र
(C) कुबेरनाथ राय
(D) रामचंद्र शुक्ल
उत्तर: (B)
विद्यानिवास मिश्र किस प्रकार के निबंधकार के रूप में प्रसिद्ध हैं?
(A) विचारात्मक
(B) मनोवैज्ञानिक
(C) ललित निबंधकार
(D) ऐतिहासिक
उत्तर: (C)
यह निबंध उनके किस संग्रह में संकलित है?
(A) तुम चंदन हम पानी
(B) अंगद की नियति
(C) चितवन की छाँह
(D) फागुन दुइ रे दिना
उत्तर: (B)
लेखक का जन्म किस राज्य में हुआ था?
(A) मध्य प्रदेश
(B) उत्तर प्रदेश
(C) बिहार
(D) राजस्थान
उत्तर: (B)
खण्ड २: शीर्षक और मूल भाव (Title & Core Theme)
निबंध के शीर्षक में 'अस्ति' का क्या अर्थ है?
(A) अस्थि (हड्डी)
(B) होना या अस्तित्व
(C) सत्य
(D) प्राचीन
उत्तर: (B)
लेखक के अनुसार हिमालय किसकी पुकार है?
(A) केवल प्रकृति की
(B) भारतीय अस्मिता और चेतना की
(C) शत्रुओं को डराने की
(D) बादलों की
उत्तर: (B)
हिमालय को लेखक ने क्या माना है?
(A) केवल एक भौगोलिक सीमा
(B) पत्थरों का ढेर
(C) भारतीय संस्कृति का मेरुदंड
(D) एक पिकनिक स्पॉट
उत्तर: (C)
'अस्ति की पुकार' का आध्यात्मिक संदर्भ क्या है?
(A) शून्य की खोज
(B) 'अहम ब्रह्मास्मि' का भाव
(C) जड़ता से चेतन की ओर गमन
(D) मोक्ष की प्राप्ति
उत्तर: (C)
खण्ड ३: निबंध की अंतर्वस्तु (Content Analysis)
लेखक हिमालय को किसका 'मानदंड' मानते हैं?
(A) ऊँचाई का
(B) पृथ्वी का
(C) समुद्र का
(D) आकाश का
उत्तर: (B)
हिमालय से निकलने वाली नदियों को लेखक ने क्या कहा है?
(A) केवल जल की धारा
(B) संस्कृति का प्रवाह
(C) विनाश का कारण
(D) व्यापार का मार्ग
उत्तर: (B)
निबंध में 'जड़ता' का अर्थ क्या है?
(A) पर्वत की स्थिरता
(B) वैचारिक शून्यता और आलस्य
(C) मिट्टी का जमाव
(D) वृक्षों का अभाव
उत्तर: (B)
लेखक के अनुसार हिमालय की चोटियाँ किसका प्रतीक हैं?
(A) मानवीय अहंकार का
(B) ऊर्ध्वमुखी संकल्प का
(C) बर्फ के जमाव का
(D) बादलों के घर का
उत्तर: (B)
हिमालय का 'मौन' लेखक को कैसा प्रतीत होता है?
(A) डरावना
(B) अर्थहीन
(C) मुखर और प्रेरणादायक
(D) शांतिपूर्ण
उत्तर: (C)
निबंध में किस पौराणिक कवि का संदर्भ बार-बार आता है?
(A) तुलसीदास
(B) कालिदास
(C) सूरदास
(D) कबीर
उत्तर: (B)
"अस्त्युत्तरस्यां दिशि देवतात्मा..." पंक्ति किस काव्य की है जिसका संदर्भ यहाँ है?
(A) मेघदूत
(B) रघुवंश
(C) कुमारसंभवम्
(D) अभिज्ञानशाकुंतलम्
उत्तर: (C)
खण्ड ४: आधुनिक संदर्भ और चुनौतियाँ (Modern Context)
लेखक आधुनिक मनुष्य के हिमालय के प्रति दृष्टिकोण को क्या मानते हैं?
(A) श्रद्धापूर्ण
(B) उपभोगवादी (Consumerist)
(C) वैज्ञानिक
(D) दार्शनिक
उत्तर: (B)
हिमालय को 'विजय' करने की होड़ को लेखक ने क्या कहा है?
(A) वीरता
(B) साहस
(C) अहंकार की तुष्टि
(D) प्रगति
उत्तर: (C)
लेखक के अनुसार हिमालय का क्षरण वास्तव में किसका क्षरण है?
(A) केवल पर्यावरण का
(B) मानवीय मूल्यों और संवेदनाओं का
(C) पर्यटन व्यवसाय का
(D) बर्फ का
उत्तर: (B)
हिमालय हमें किस ओर मुड़ने का संकेत देता है?
(A) पश्चिम की ओर
(B) अपनी जड़ों (संस्कृति) की ओर
(C) शहरों की ओर
(D) समुद्र की ओर
उत्तर: (B)
'अस्ति' की पुकार किसे सुनाई देती है?
(A) जो केवल पर्यटक है
(B) जिसमें संवेदनशीलता और अंतर्दृष्टि है
(C) जो पर्वतारोही है
(D) जो व्यापारी है
उत्तर: (B)
खण्ड ५: शैली और भाषा (Style & Language)
इस निबंध की भाषा कैसी है?
(A) सरल बोलचाल की
(B) तत्सम प्रधान और काव्यात्मक
(C) उर्दू मिश्रित
(D) अंग्रेजी प्रधान
उत्तर: (B)
ललित निबंध में 'ललित' का क्या अर्थ है?
(A) कठिन
(B) सुंदर या लालित्यपूर्ण
(C) लंबा
(D) छोटा
उत्तर: (B)
लेखक ने हिमालय को 'देवतात्मा' क्यों कहा है?
(A) क्योंकि वहाँ देवता रहते हैं
(B) क्योंकि वह दिव्यता और पवित्रता का प्रतीक है
(C) क्योंकि वह बहुत ऊँचा है
(D) पुराणों के कारण
उत्तर: (B)
निबंध में 'सेतु' (Bridge) शब्द किसके लिए आया है?
(A) नदियों के पुल के लिए
(B) परंपरा और आधुनिकता के मिलन के लिए
(C) दो पहाड़ों के बीच के मार्ग के लिए
(D) इनमें से कोई नहीं
उत्तर: (B)
लेखक के अनुसार, हिमालय की बर्फ की 'धवलता' किसका प्रतीक है?
(A) ठंडक का
(B) मन की शुचिता (पवित्रता) का
(C) बुढ़ापे का
(D) शून्यता का
उत्तर: (B)
विद्यानिवास मिश्र के निबंध 'अस्ति की पुकार: हिमालय' की दार्शनिक और वैचारिक गहराई को परखने के लिए यहाँ कुछ और कठिन बहुविकल्पीय प्रश्न दिए गए हैं:
खण्ड ६: दार्शनिक और वैचारिक प्रश्न (Advanced MCQs)
लेखक के अनुसार 'अस्ति' (अस्तित्व) की रक्षा के लिए क्या अनिवार्य है?
(A) केवल सीमाओं की सैन्य सुरक्षा
(B) हिमालय के प्रति संवेदात्मक और सांस्कृतिक जुड़ाव
(C) पहाड़ों पर नए शहरों का निर्माण
(D) अधिक से अधिक विदेशी पर्यटकों का आगमन
उत्तर: (B)
"हिमालय पृथ्वी का मानदंड है" - कालिदास के इस कथन को मिश्र जी ने किस अर्थ में व्याख्यायित किया है?
(A) हिमालय से ही पृथ्वी की लंबाई नापी जाती है
(B) हिमालय हमारी सांस्कृतिक ऊँचाई और नैतिक मूल्यों को नापने का पैमाना है
(C) यह केवल एक भौगोलिक मुहावरा है
(D) पृथ्वी की आयु हिमालय से तय होती है
उत्तर: (B)
निबंध में 'ऊर्ध्वमुखी चेतना' का शत्रु किसे माना गया है?
(A) भौतिक प्रगति को
(B) जड़ता और आत्म-विस्मृति (अपनी पहचान भूल जाना) को
(C) आधुनिक शिक्षा को
(D) विज्ञान को
उत्तर: (B)
लेखक ने हिमालय को 'देवतात्मा' कहकर किस ओर संकेत किया है?
(A) केवल धार्मिक कर्मकांडों की ओर
(B) हिमालय के भीतर व्याप्त एक अतीन्द्रिय और शाश्वत सत्ता की ओर
(C) हिमालय के बर्फीले तूफानों की ओर
(D) पुराने किलों की ओर
उत्तर: (B)
विद्यानिवास मिश्र के अनुसार, हिमालय की 'पुकार' वास्तव में क्या है?
(A) विनाश की चेतावनी
(B) आत्म-साक्षात्कार और मर्यादा के पालन का आह्वान
(C) एकांत में रहने का निमंत्रण
(D) पर्वतारोहण की चुनौती
उत्तर: (B)
निबंध में प्रयुक्त 'अस्मिता' शब्द का अर्थ लेखक ने किससे जोड़ा है?
(A) भारतीयता की मौलिक पहचान से
(B) व्यक्ति के नाम और शोहरत से
(C) केवल जातिगत पहचान से
(D) राजनीतिक शक्ति से
उत्तर: (A)
लेखक के अनुसार, हिमालय को 'देखने' और उसे 'जानने' में क्या अंतर है?
(A) कोई अंतर नहीं है
(B) देखना आँख का काम है, जानना आत्मा का समर्पण है
(C) देखना आसान है, जानना असंभव है
(D) जानना केवल वैज्ञानिकों का काम है
उत्तर: (B)
मिश्र जी ने हिमालय की 'शांति' को 'श्मशान की शांति' से भिन्न क्यों माना है?
(A) क्योंकि हिमालय में बहुत शोर है
(B) क्योंकि हिमालय की शांति सृजनात्मक और तपस्यापूर्ण है
(C) क्योंकि वहाँ नदियाँ बहती हैं
(D) क्योंकि वहाँ पेड़-पौधे हैं
उत्तर: (B)
इस निबंध की मूल संवेदना इनमें से किस पर प्रहार करती है?
(A) प्राचीन मान्यताओं पर
(B) आधुनिकता के नाम पर होने वाले सांस्कृतिक और प्राकृतिक दोहन पर
(C) ग्रामीण जीवन की सादगी पर
(D) भाषाई शुद्धता पर
उत्तर: (B)
निबंध के अंत में 'पुकार' का स्वर कैसा है?
(A) निराशाजनक
(B) व्यंग्यात्मक
(C) आशावादी और संकल्पबद्ध
(D) उदासीन
उत्तर: (C)
खण्ड ७: कथन और तर्क (Assertion & Reasoning)
कथन (A): हिमालय भारत का गौरव है।
तर्क (R): क्योंकि वह केवल एक ऊँचा पर्वत है।
(A) A और R दोनों सही हैं, R सही व्याख्या है
(B) A सही है, लेकिन R गलत है (गौरव केवल ऊँचाई के कारण नहीं, सांस्कृतिक महत्व के कारण है)
(C) A गलत है, R सही है
(D) दोनों गलत हैं
उत्तर: (B)
कथन (A): आधुनिक मनुष्य हिमालय के प्रति 'अहंकारी' हो गया है।
तर्क (R): वह इसे केवल 'विजय' प्राप्त करने की वस्तु समझता है।
(A) A और R दोनों सही हैं और R, A की सही व्याख्या है
(B) A सही है, R गलत है
(C) R सही है, A गलत है
(D) दोनों गलत हैं
उत्तर: (A)
गद्यांश १: हिमालय और भारतीय मनीषा
"हिमालय केवल भूगोल नहीं है, वह भारतीय मनीषा की 'अस्ति' का प्रमाण है। वह हमारे भीतर की उस ऊँचाई का प्रतीक है, जिसे छूने की ललक हर भारतीय के मन में जन्मजात होती है। वह केवल उत्तर दिशा का प्रहरी नहीं है, वह हमारी सांस्कृतिक दिशाओं का नियामक भी है।"
प्रश्न:
लेखक ने हिमालय को 'केवल भूगोल' क्यों नहीं माना है?
(A) क्योंकि वह बहुत ऊँचा है।
(B) क्योंकि वह भारतीय अस्तित्व (अस्ति) और चेतना का प्रतीक है।
(C) क्योंकि वहाँ केवल बर्फ गिरती है।
(D) क्योंकि वह एक पर्यटन स्थल है।
उत्तर: (B)
'सांस्कृतिक दिशाओं का नियामक' पद से क्या तात्पर्य है?
(A) हिमालय हमारी संस्कृति को दिशा और मर्यादा प्रदान करता है।
(B) हिमालय से नक्शा बनाया जाता है।
(C) हिमालय केवल उत्तर दिशा में है।
(D) हिमालय से हवाएँ चलती हैं।
उत्तर: (A)
गद्यांश में 'अस्ति' शब्द का प्रयोग किसके संदर्भ में हुआ है?
(A) पुरानी हड्डियों के संदर्भ में।
(B) भारतीय अस्मिता और अस्तित्व के बोध के संदर्भ में।
(C) हिमालय की ऊँचाई के संदर्भ में।
(D) इनमें से कोई नहीं।
उत्तर: (B)
गद्यांश २: आधुनिक दृष्टिकोण और अहंकार
"विडंबना यह है कि आज का मनुष्य हिमालय को 'विजय' करने की वस्तु समझने लगा है, जबकि हिमालय 'समर्पण' और 'साक्षात्कार' का स्थल है। हमने उसे नापना चाहा है, उसे जानना नहीं। जानना 'समर्पण' से शुरू होता है और नापना 'अहंकार' से।"
प्रश्न:
4. लेखक के अनुसार 'नापना' और 'जानना' में क्या अंतर है?
(A) नापना भौतिक (अहंकारी) क्रिया है, जानना आध्यात्मिक (समर्पण) क्रिया है।
(B) नापना कठिन है, जानना आसान है।
(C) नापना वैज्ञानिकों का काम है, जानना आम आदमी का।
(D) दोनों एक ही प्रक्रिया के दो नाम हैं।
उत्तर: (A)
आज के मनुष्य की 'विडंबना' क्या है?
(A) वह हिमालय पर चढ़ नहीं पा रहा है।
(B) वह हिमालय को श्रद्धा के बजाय केवल उपभोग और विजय की वस्तु मान रहा है।
(C) वह हिमालय की नदियों को सुखा रहा है।
(D) वह हिमालय के रास्ते बंद कर रहा है।
उत्तर: (B)
लेखक 'साक्षात्कार' शब्द से क्या कहना चाहते हैं?
(A) हिमालय का फोटो खींचना।
(B) हिमालय के साथ आत्मिक और आध्यात्मिक जुड़ाव महसूस करना।
(C) हिमालय के शिखर पर तिरंगा फहराना।
(D) हिमालय के बारे में किताब पढ़ना।
उत्तर: (B)
गद्यांश ३: स्थिरता और जड़ता
"पर्वत जड़ नहीं होते, वे मौन तपस्या की जीवंत प्रतिमाएँ हैं। जो अडिग है, वही दिशा दे सकता है। हिमालय की पुकार वास्तव में अपनी जड़ों की ओर लौटने की पुकार है, उस मर्यादा की पुकार है जो समय के थपेड़ों के बीच भी विचलित नहीं होती।"
प्रश्न:
7. लेखक ने पर्वतों को 'जड़' (Lifeless/Inert) क्यों नहीं माना है?
(A) क्योंकि वे चलते-फिरते हैं।
(B) क्योंकि वे तपस्वी की तरह जीवंत और प्रेरणादायक हैं।
(C) क्योंकि वहाँ नदियाँ बहती हैं।
(D) क्योंकि वहाँ पेड़-पौधे उगते हैं।
उत्तर: (B)
'अडिग' होने का सांस्कृतिक महत्व क्या बताया गया है?
(A) जो स्थिर है, वही समाज को सही दिशा और नेतृत्व दे सकता है।
(B) अडिग होना आलस्य का प्रतीक है।
(C) पत्थर की तरह कठोर होना ही अडिगता है।
(D) इनमें से कोई नहीं।
उत्तर: (A)
'अपनी जड़ों की ओर लौटना' का क्या अर्थ है?
(A) वापस गाँव जाकर खेती करना।
(B) अपनी मूल संस्कृति और मूल्यों को पुनः पहचानना।
(C) पहाड़ पर घर बनाना।
(D) पुराने कपड़े पहनना।
उत्तर: (B)
गद्यांश ४: मर्यादा और समय
"हिमालय हमारी परंपरा का वह जीवित सेतु है, जो आदिम काल को आधुनिकता से जोड़ता है। यदि यह सेतु टूट गया, तो हम इतिहास के प्रवाह में तिनके की तरह बह जाएँगे।"
प्रश्न:
10. हिमालय को 'सेतु' क्यों कहा गया है?
(A) क्योंकि इस पर बहुत से पुल बने हैं।
(B) क्योंकि यह अतीत के मूल्यों और वर्तमान के जीवन के बीच कड़ी है।
(C) क्योंकि यह भारत और चीन को जोड़ता है।
(D) क्योंकि यह समुद्र और पहाड़ को जोड़ता है।
उत्तर: (B)
'तिनके की तरह बह जाने' का क्या अर्थ है?
(A) बाढ़ में बह जाना।
(B) अपनी पहचान और संस्कृति खोकर अस्तित्वहीन हो जाना।
(C) हल्के फुल्के जीवन जीना।
(D) पानी में तैरना सीखना।
उत्तर: (B)
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